दीवाली पर न करें बारुद प्रयोग- वृक्षमित्र

दीवाली पर न करें बारुद की सामग्री का प्रयोग - वृक्षमित्र


बारुद का धुआं वातावरण में फैलने से स्वांस ,आँखों चर्म रोग की बीमारी हो सकती है



सेवा भारत टाइम्स ब्यूरो 


थौलधार l समाज में आज ऐसे लोग भी हैं जिनका उद्देश्य दूसरों को  समाज के प्रति जागरुक करने का होता है l हम बात कर रहे हैं पर्यावरणविद् वृक्षमित्र डा ० त्रिलोक चद्रं सोनी की l मतगणना पर्यवेक्षक के रुप में नियुक्त मतगणना हेतु पहुंचे थौलधार के कंडीसौड़ छाम के  भागीरथी उच्तर माध्यमिक विधालय में दीपावली पर पटाखे व बारुद की सामग्री के प्रयोग न करने संबंध में उन्होंने समय की उपयोगिता को देखते हुए छात्र छात्राओं के साथ एक गोष्ठी की l जहां उन्होंने पटाखे व बारुद की सामग्री के प्रयोग न करने की अपील की साथ अपनी स्थानीय परम्पराओं के आधार पर दीपावली मानाने का अनुरोध किया l बताते चलें कि मतगणना में डा ०सोनी को डयूटी में सांय 3 बजे जाना है उस पहले उन्होंने छात्र छात्राओं  लाभान्वित किया l छात्र छात्राओं सम्बोधित करते हुए उन्होंने कहा इस प्राकृतिक शांत वातावरण जीवजंतु पशु -पक्षी एवं छोटे बच्चे व वृद्धजन पटाखो की आवाज से डरते और विचलित हो जाते हैं l बारुद का धुआं वातावरण में फैलने से स्वांस ,आँखों चर्म रोग की बीमारी हो सकती है l इससे बचने के हमे बारुद की सामग्री के प्रयोग नही करना चाहिए l ताकि वातावरण शुद्ध रहे तो हमरा भी स्वस्थ रहेंगा l 


Popular posts from this blog

"मिलकर लड़ेंगे जंग"

भूकंप के हल्के झटके :जानें

वायु मुद्रा शरीर के अंदर व्याप्त गैस,कब्ज अपच को दूर करता है